Friday, July 19, 2019

Soil moisture Indicator/मृदा नमी संकेतक

              Soil Moisture Indicator{SMI}

सिंचाई से पूर्व मृदा में नमी की जांच के लिए उपकरणों का प्रयोग कर मृदा नमी का आकलन आवश्यक हैं किंतु ज्यादातर जगहों पर मिट्टी में मृदा नमी की जांच करके सिंचाई करने का चलन व्यवहार में नही हैं।अतः गन्ना प्रजनन संस्थान (sugarcane breeding institute) ने खेतो में मिट्टी नमी के स्तर के आँकलन के लिए मृदा नमी संकेतक (soil moisture indicator) का विकास किया।

कुशल सिंचाई प्रवंधन विधियों से पानी की अधिक मात्रा में बचत होती हैं साथ ही पौधों के लिए सही समय पर एवं सही मात्रा में पानी की पूर्ति भी होती हैं।

सिंचाई को जीवन रक्षक सिंचाई (Life saving Irrigation) भी कहा जाता हैं अतः हम इससे अंदाजा लगा सकते हैं कि सिंचाई पौधों के लिए कितनी महत्वपूर्ण होती हैं।
mridaparikshak/मृदपरिक्षक के बारे में जानें

साइल मॉइस्चर इंडिकेटर की संरचना :


मृदा नमी संकेतक में एक सेंसर रॉड और एक आवरण होता हैं।
इसमे दो धातु की सेंसर छड़े एक दूसरे से 3 सेंटीमीटर की दूरी पर लगी होती हैं।
आवरण एक इलेक्ट्रॉनिक सर्किट बोर्ड होता हैं।जिसमे एक IC,इलेक्ट्रॉनिक उपकरण,10 लैम्प/LEDs,एक बैटरी व एक ऑन/ऑफ स्विच होता हैं।
Soil testing/मृदा परीक्षण के बारे में पड़े

SMI से मिट्टी की नमी की स्थिति को पढ़ना :



मृदा नमी संकेतक के फायदे :


1.कृषि फार्म के साथ साथ यह potted पौधों के लिए भी उपयुक्त हैं।
2.मिट्टी नमी का तुरंत संकेत देता हैं।
3.सभी प्रकार की मृदा के लिए उपयुक्त।
4.काम कीमत (लगभग 500 रुपये)
5.दस अलग - अलग रंगों की LEDs के द्वारा अधिक निष्पक्षता के साथ मिट्टी की नमी स्तर को बताता हैं।

प्रयोग का तरीका :

मिट्टी की नमी का आंकलन करने के लिए सेंसर छड़ो को मिट्टी में लगभग 30 cm की गहराई तक गाड़ते हैं। सेंसर छड़ो के बीच प्रतिरोध मृदा नमी की मात्रा पर निर्भर करता हैं।
साइल मॉइस्चर इंडिकेटर को इस प्रकार से बनाया गया हैं कि यह सभी प्रकार की मिट्टी एवं सिंचाई जल के लिये उपयुक्त होता हैं।
चिया की खेती के बारे में जानें

3 comments:

THE AGRICULTURE GURUJI said...

Very useful information sir ji

R.k.Gour said...

Thank you sir....

Unknown said...

बहुत ही उपयोगी जानकारी है सर जी

Share and comment